जाति जनगणना के फैसले पर सियासी संग्राम: संजय राउत ने कहा – ये श्रेय राहुल गांधी को जाता है, BJP न ले राजनीतिक क्रेडिट

मुंबई। केंद्र सरकार द्वारा जातिगत जनगणना को लेकर लिए गए फैसले पर जहां भारतीय जनता पार्टी (BJP) इसे अपनी सफलता बता रही है, वहीं शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय भाजपा को नहीं बल्कि राहुल गांधी को जाता है, जो पिछले 10 वर्षों से लगातार इस मुद्दे को उठा रहे हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में संजय राउत का बयान:
संजय राउत ने कहा, “देवेंद्र फडणवीस को राष्ट्रीय मुद्दों की समझ नहीं है। राहुल गांधी संसद और अन्य मंचों पर वर्षों से कह रहे हैं कि जिस जाति की जितनी हिस्सेदारी है, उन्हें उतना हक मिलना चाहिए। ये बहुजन समाज की मांग है और इसे फडणवीस जैसे नेता कभी नहीं समझ पाएंगे।”
उन्होंने कहा कि जाति जनगणना का फैसला सरकार ने मजबूरी में लिया। “राहुल गांधी की बात आज समाज के हर वर्ग तक पहुंच चुकी है। बिहार और पश्चिम बंगाल जैसे चुनावी राज्यों को ध्यान में रखकर यह निर्णय लिया गया।”
पहलगाम हमले का जिक्र:
संजय राउत ने केंद्र पर आरोप लगाते हुए कहा कि पहलगाम हमले के बाद सरकार पर जनता का दबाव बढ़ा और लोगों ने प्रधानमंत्री से सवाल पूछना शुरू किया। “इसका ध्यान भटकाने के लिए जाति जनगणना का फैसला सामने लाया गया है। युद्ध जैसा माहौल है, लोग सवाल कर रहे हैं और सरकार जवाब देने की बजाय ध्यान भटका रही है।”
प्रधानमंत्री की आलोचना:
संजय राउत ने कहा, “पहलगाम हमले में महाराष्ट्र के छह लोग मारे गए, यह देश पर हमला था। ऐसे समय में प्रधानमंत्री को कुछ दिन शोक मनाना चाहिए था, लेकिन वे चुनाव प्रचार और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में व्यस्त हैं। और अब यही भाजपा वाले हमें देशभक्ति सिखा रहे हैं!”
उन्होंने भाजपा पर कटाक्ष करते हुए कहा कि “सरकार भले मोदी की हो, लेकिन सोच और दबाव राहुल गांधी की है – और ये आगे भी चलता रहेगा।
