तुर्किए में कांग्रेस दफ्तर के दावे पर बवाल: अमित मालवीय और अर्णब गोस्वामी के खिलाफ कांग्रेस ने कराया आपराधिक मामला दर्ज

नई दिल्ली – कांग्रेस पार्टी की लीगल सेल ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आईटी सेल प्रमुख अमित मालवीय और वरिष्ठ पत्रकार अर्णब गोस्वामी के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कराया है। आरोप है कि दोनों ने जानबूझकर झूठी और भ्रामक जानकारी फैलाकर कांग्रेस और पार्टी नेता राहुल गांधी की छवि को नुक़सान पहुँचाने की कोशिश की।
मामले की जड़ में वह दावा है, जिसमें कहा गया कि तुर्किए (पूर्व में तुर्की) के इस्तांबुल शहर में कांग्रेस पार्टी का एक कार्यालय मौजूद है। कांग्रेस ने इस दावे को ‘दुर्भावनापूर्ण और राष्ट्रविरोधी’ करार देते हुए इसे कांग्रेस और विपक्ष के नेता की साख को बदनाम करने की साजिश बताया है।
“तुर्किए में कांग्रेस का कोई कार्यालय नहीं” – लीगल सेल
कांग्रेस लीगल सेल के प्रमुख श्रीकांत स्वरूप ने कहा, “यह दावा न केवल झूठा है, बल्कि इसका मकसद राष्ट्रीय सुरक्षा को कमजोर करना, सामाजिक सौहार्द बिगाड़ना और राहुल गांधी की छवि को नुक़सान पहुंचाना है। इस्तांबुल में कांग्रेस का कोई भी दफ्तर नहीं है। भाजपा और उनके सहयोगी इस प्रकार की झूठी सूचनाओं से देश की जनता को गुमराह कर रहे हैं।”
उन्होंने भारतीय प्रेस परिषद, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) और अन्य संबंधित एजेंसियों से अपील की है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की जाए।
मालवीय ने किया पलटवार
भाजपा नेता अमित मालवीय ने कांग्रेस की कार्रवाई पर पलटवार करते हुए एक वीडियो क्लिप साझा की और लिखा, “देखिए! इस बात के लिए केस दर्ज किया गया है।”
यह विवाद ऐसे समय में उठा है जब ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद तुर्किए और अजरबैजान ने पाकिस्तान का खुला समर्थन किया। देशभर में इन देशों के बहिष्कार की मांग तेज़ हो गई। इसी दौरान भाजपा की ओर से कांग्रेस पर तुर्किए से ‘संबंध’ होने का आरोप लगाया गया, जिसे अब कांग्रेस ने कानूनी चुनौती दी है।
राजनीतिक माहौल गर्माया
इस मामले को लेकर देश की राजनीति में उबाल आ गया है। भाजपा और कांग्रेस के बीच बयानबाज़ी तेज हो गई है और सोशल मीडिया पर भी यह मुद्दा ट्रेंड कर रहा है। देखना होगा कि यह कानूनी लड़ाई आने वाले दिनों में क्या मोड़ लेती है।