फुलंब्री की सिद्धेश्वर दूध डेयरी पर एफडीए का छापा, 3,500 लीटर संदिग्ध दूध जब्त, दो डेयरियां सील

औरंगाबाद। प्रतिनिधि
औरंगाबाद जिले के फुलंब्री स्थित सिद्धेश्वर दूध डेयरी पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 3,500 लीटर संदिग्ध दूध और मिलावट के लिए रखे गए दूध पाउडर को जब्त किया है। जांच के दौरान सामने आई गंभीर अनियमितताओं के बाद सिद्धेश्वर डेयरी के साथ-साथ शिवकृपा दूध डेयरी को भी सील कर दिया गया। जब्त किए गए लगभग 1.32 लाख रुपये मूल्य के संदिग्ध दूध को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
मराठवाड़ा में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ चल रहे विशेष अभियान के तहत एफडीए की टीम ने सिद्धेश्वर दूध डेयरी पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान 3,500 लीटर संदिग्ध दूध के अलावा उसमें मिलावट के लिए रखे गए गोवर्धन ब्रांड के दूध पाउडर को भी जब्त किया गया।
जांच में पता चला कि सिद्धेश्वर डेयरी से यह दूध फुलंब्री स्थित शिवकृपा दूध डेयरी को भेजा जा रहा था। इसके बाद एफडीए ने शिवकृपा डेयरी पर भी छापा मारा, जहां जांच में कई गंभीर खामियां और नियमों का उल्लंघन सामने आया। इसके चलते दोनों डेयरियों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
प्राथमिक जांच में यह भी सामने आया है कि शिवकृपा डेयरी से दूध मराठवाड़ा मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी (केयर ऑफ एम/एस सोनाई डेयरी, इंदापुर) तथा गुजरात के पंचमहल दूध उत्पादक सहकारी संघ को आपूर्ति किया जा रहा था। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि संदिग्ध दूध की आपूर्ति कितने समय से की जा रही थी और इसका वितरण किन-किन क्षेत्रों तक हुआ।
इस मामले में संबंधित लोगों के खिलाफ फुलंब्री पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है। एफडीए और पुलिस संयुक्त रूप से मामले की विस्तृत जांच कर रहे हैं तथा दूध के नमूनों की प्रयोगशाला जांच भी कराई जा रही है।
यह कार्रवाई सह आयुक्त एस. आर. करकले और सहायक आयुक्त दयानंद पाटील के मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी प्रशांत अजिंठेकर, फरीद सिद्दीकी और प्रज्ञा सुरसे की टीम ने अंजाम दी।