उत्तर प्रदेश में बारिश और बाढ़ से बिगड़े हालात, कई नदियां उफान पर; 10 लोगों की मौत

Uttar Pradesh • Khasdar Times News Service
उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच कई जिलों में बाढ़ और जलभराव की स्थिति गंभीर हो गई है। प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, बांदा, महोबा, बिजनौर समेत कई जिलों में नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। अलग-अलग हादसों में छह लोगों के नदी और तेज बहाव में बहने की सूचना है, जबकि बारिश और बाढ़ से जुड़े हादसों में 10 लोगों की मौत हो चुकी है। प्रशासन और राहत-बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार अभियान चला रहे हैं।
प्रयागराज में गंगा और यमुना का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में पानी पहुंच गया है। शहर के कई हिस्सों में घरों के भीतर तक पानी घुस गया। रामबाग रेलवे स्टेशन, शहर उत्तरी विधायक हर्षवर्धन बाजपेयी का आवास और महिला थाना भी जलभराव की चपेट में आ गए। कौशांबी के महेवाघाट थाना क्षेत्र में दीवार गिरने से एक महिला की मौत हो गई।
प्रयागराज और आसपास के जिलों में बारिश के दौरान कई हादसे हुए। प्रतापगढ़ में छप्पर गिरने से एक किसान की मौत हो गई, जबकि कच्चा मकान गिरने से छह लोग घायल हुए। प्रयागराज के मेजा क्षेत्र में बिजली गिरने से एक युवक की मौत हुई, वहीं बहरिया में पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की जान चली गई।
सोनभद्र के ओबरा क्षेत्र में बिजुल नदी उफान पर है। ग्राम पंचायत परसौई में नदी का पानी पुलिया के ऊपर से बह रहा है। सोमवार शाम रामप्रीत खड़वार और बेचई बेगा तेज बहाव में बह गए। बीजपुर थाना क्षेत्र के रजमिलान गांव में उफनाई बिच्छी नदी में लल्लू और राजकुमार के लापता होने की सूचना है।
मिर्जापुर में कर्णावती नदी पार करने के दौरान अशफाक तेज बहाव में बह गए। वहीं अड़वा नदी के पुल पर पैर फिसलने से धर्मराज भी नदी में बह गए। दोनों की तलाश के लिए एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें लगाई गई हैं।
बिजनौर में गंगा का जलस्तर बढ़ने से खादर क्षेत्र में पानी दोबारा गांवों की ओर बढ़ने लगा है। रायपुर खादर गांव चारों तरफ से पानी से घिर गया है, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ है। मीरापुर सीकरी के जंगल में भी जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। कई स्थानों पर सड़कें और संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए हैं।
कानपुर के फफूंद क्षेत्र में मकान की दीवार गिरने से एक युवती की मौत हो गई। कन्नौज में मकान की कोठरी गिरने से मलबे में दबकर एक व्यक्ति की जान चली गई। लगातार बारिश के कारण कच्चे मकानों और पुरानी दीवारों के कमजोर होने से ग्रामीण क्षेत्रों में हादसों का खतरा बढ़ गया है।
अरिल नदी में नहाने के दौरान तीन दोस्त तेज बहाव की चपेट में आ गए। हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य को बचाने के प्रयास किए गए। स्थानीय लोगों और राहत दलों ने नदी में तलाश अभियान चलाया।
लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर ने प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी जा रही है। राहत और बचाव दलों को अलर्ट पर रखा गया है और नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।
