DRDO में बड़ा जासूसी कांड – ISI के लिए काम करने वाला मैनेजर महेंद्र प्रसाद गिरफ्तार, लेकिन गोदी मीडिया खामोश

देश की सुरक्षा व्यवस्था के लिए सबसे अहम माने जाने वाले रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) से जुड़ा एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। राजस्थान की सीआईडी इंटेलिजेंस ने DRDO के गेस्ट हाउस मैनेजर महेंद्र प्रसाद को पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
महेंद्र प्रसाद संविदा कर्मचारी के रूप में चंदन फील्ड फायरिंग रेंज के पास स्थित DRDO के गेस्ट हाउस में मैनेजर की जिम्मेदारी संभाल रहा था। जांच एजेंसियों का दावा है कि उसने देश की गोपनीय और रणनीतिक सूचनाएं पाकिस्तान को भेजी थीं। ये सूचनाएं राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील बताई जा रही हैं।
गिरफ्तारी के बाद पूरे मामले की जांच तेज हो गई है। यह पहली बार नहीं है जब ISI ने भारत के संवेदनशील रक्षा संस्थानों में सेंध लगाने की कोशिश की हो, लेकिन इस बार सवाल सिर्फ जासूसी पर नहीं, बल्कि इस घटना पर देश के राजनीतिक और मीडिया माहौल पर भी उठ रहे हैं।
सोशल मीडिया पर लोग सवाल कर रहे हैं कि जब भी किसी मुसलमान पर ऐसे आरोप लगते हैं तो उसे ‘गद्दार’ और ‘आतंकी’ कहकर चारों तरफ शोर मचाया जाता है, लेकिन इस मामले में आरोपी का नाम सामने आने के बाद गोदी मीडिया चुप है। न कोई प्राइम टाइम डिबेट, न कोई राजनीतिक हंगामा।
कई यूज़र्स का कहना है कि अगर आरोपी मुसलमान होता, तो टीवी चैनलों पर “पाकिस्तान कनेक्शन” और “भारत के गद्दार” जैसे हैशटैग के साथ माहौल गरमा दिया जाता, लेकिन इस मामले में दोहरी चुप्पी साफ नजर आ रही है।
इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि देश में आतंकवाद और जासूसी जैसे गंभीर अपराधों पर भी राजनीति और धर्म का चश्मा चढ़ाकर देखा जाता है — जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए उतना ही खतरनाक है जितना कि खुद जासूसी का अपराध।
