वसई में ऑनलाइन गेमिंग बना खूनी जुनून: सौतेली मां की हत्या, पिता और डॉक्टर भी साजिश में शामिल

वसई: मुंबई से सटे वसई इलाके में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां ऑनलाइन गेमिंग की लत ने एक बेटे को हैवान बना दिया। 32 वर्षीय इमरान अमीर खुसरू ने अपने पिता की दूसरी पत्नी और पेशे से वकील 61 वर्षीय अर्शिया खुसरू की बेरहमी से हत्या कर दी, सिर्फ इसलिए क्योंकि उन्होंने गेमिंग के लिए ₹1.8 लाख देने से मना कर दिया था।
मां से मांगी मोटी रकम, इनकार पर दी दर्दनाक मौत
पुलिस के अनुसार, यह सनसनीखेज वारदात 26 जुलाई को हुई। इमरान अर्शिया के घर पहुंचा और उनसे ऑनलाइन गेम के लिए 1.8 लाख रुपये की मांग की। जब उन्होंने रकम देने से इनकार किया तो गुस्से में आकर उसने उन्हें धक्का दे दिया, जिससे उनका सिर रसोई में वॉशबेसिन के पास दीवार के नुकीले कोने से जा टकराया। गंभीर चोट लगने के कारण अर्शिया की मौके पर ही मौत हो गई।
पिता और चाचा ने मिलकर छुपाई हत्या, डॉक्टर ने बना दिया फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र
हत्या के बाद इमरान ने अपने पिता अमीर खुसरू और चाचा सलीम खुसरू को पूरी घटना बताई। तीनों ने मिलकर मौत को ‘दुर्घटना’ दिखाने की साजिश रच डाली। इतना ही नहीं, एक निजी डॉक्टर डॉ. आर.आर. गर्ग ने झूठा मृत्यु प्रमाणपत्र बनाकर हत्या पर पर्दा डालने की कोशिश की। उन्होंने दावा किया कि अर्शिया फिसलकर गिर गई थीं और सिर में चोट लगने से उनकी मौत हुई।
पुलिस ने कब्र से निकाला शव, पोस्टमॉर्टम से खुले राज
हालांकि पुलिस को शुरू से ही मौत संदिग्ध लगी। जब इमरान से सख्ती से पूछताछ की गई, तो वह टूट गया और अपना जुर्म कबूल कर लिया। इसके बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अर्शिया के शव को वसई के कोलीवाड़ा कब्रिस्तान से निकलवाया और पोस्टमॉर्टम के लिए जेजे अस्पताल भेज दिया।
चार गिरफ्तार, साजिश की परतें खुल रही हैं
फिलहाल वसई पुलिस ने हत्या और साक्ष्य छुपाने के आरोप में इमरान और उसके पिता अमीर खुसरू को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं चाचा सलीम खुसरू और डॉक्टर आर.आर. गर्ग को हिरासत में लिया गया है। पुलिस हत्या की साजिश से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और इस मामले में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
कानून की रक्षक बनी शिकार, सिस्टम पर फिर उठा सवाल
61 वर्षीय अर्शिया खुसरू बॉम्बे हाई कोर्ट में प्रैक्टिस करती थीं और न्याय की आवाज़ उठाने वाली महिला थीं। लेकिन पैसों और नशे की लत ने उनके ही सौतेले बेटे को हत्यारा बना दिया। यह घटना न सिर्फ पारिवारिक विश्वास को झकझोरती है बल्कि यह सवाल भी खड़ा करती है कि ऑनलाइन गेमिंग की लत अब समाज में कैसे एक ख़तरनाक विकृति का रूप ले चुकी है।
पुलिस का कहना है कि इस मामले में जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की कोशिश की जाएगी।
