बिहार हत्याकांड के दो आरोपी औरंगाबाद से गिरफ्तार | एक ही परिवार के 4 लोगों की हत्या कर शवों के किए 18 टुकड़े

औरंगाबाद/प्रतिनिधि
बिहार के कैमूर जिले में हुए दिल दहला देने वाले सामूहिक हत्याकांड के दो आरोपियों को महाराष्ट्र के औरंगाबाद शहर से गिरफ्तार किया गया है। पारिवारिक विवाद के बाद एक ही परिवार के चार लोगों की बेरहमी से हत्या कर उनके शवों के 18 टुकड़े कर सूटकेस और बोरियों में भरकर नदी में फेंक दिए गए थे।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दीपक देवसिंह राजपूत (27, निवासी नाचनवेल, ता. कन्नड़, हाल मुकाम जाधववाड़ी) और गौतम उर्फ राहुल कर्मपाल गुप्ता (22, निवासी कैमूर, बिहार) के रूप में हुई है।
गुन्हे शाखा के पुलिस निरीक्षक गजानन कल्याणकर के अनुसार, बिहार के कैमूर जिले के रामगढ़ पुलिस थाना क्षेत्र में हुए इस हत्याकांड के आरोपी औरंगाबाद में छिपे होने की जानकारी बिहार पुलिस ने औरंगाबाद पुलिस को फोन और ईमेल के माध्यम से दी थी। इसके बाद पुलिस उपायुक्त पंकज अतुलकर और रत्नाकर नवले के मार्गदर्शन में क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपियों की तलाश शुरू की।
पुलिस ने शरद टी पॉइंट, जाधववाड़ी इलाके से दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया। बाद में उन्हें न्यायालय में पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर बिहार पुलिस को सौंप दिया गया।
नदी में मिले थे शवों के 18 टुकड़े
बताया गया कि 10 मई को बिहार के कैमूर जिले में दुर्गावती नदी से एक सूटकेस बरामद हुआ था। सूटकेस और कुछ बोरियों में चार लोगों के शरीर के 18 टुकड़े मिले थे। जांच में सामने आया कि मृतक कृष्ण मुरारी गुप्ता ने कुछ दिनों पहले अपनी मां और भाई के साथ मारपीट की थी। इसी विवाद की जानकारी मुख्य आरोपी विकास गुप्ता को दी गई थी, जो महाराष्ट्र में काम करता था।
इसके बाद विकास गुप्ता, उसका छोटा भाई गौतम गुप्ता, दीपक राजपूत और अन्य आरोपियों ने मिलकर कृष्ण मुरारी गुप्ता, उनकी पत्नी और उनके दो बच्चों की निर्मम हत्या कर दी। हत्या के बाद शवों के टुकड़े कर उन्हें दुर्गावती नदी और आसपास के इलाकों में फेंक दिया गया।
इस सनसनीखेज हत्याकांड ने बिहार समेत महाराष्ट्र में भी दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।