साइबर ठगी में फंसे 17,500 रुपये पिशोर पुलिस ने कराए वापस, पीड़ित को मिली बड़ी राहत

कन्नड | अशरफ़ अली
पिशोर पुलिस थाना क्षेत्र के उंबरखेड़ा निवासी सुनील चव्हाण के साथ साइबर ठगी की घटना हुई थी। ठगी के जरिए उनके कुल 17,619 रुपये निकाल लिए गए थे। इस संबंध में उन्होंने पिशोर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत मिलते ही पिशोर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क किया और साइबर पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत क्रमांक 31904250065426 के तहत शिकायत दर्ज कराई।
जांच के दौरान पता चला कि ठगी की रकम में से 17,500 रुपये एयरटेल पेमेंट्स बैंक के एक संदिग्ध बैंक खाते में ट्रांसफर होकर होल्ड हो गए थे।
इस रकम को शिकायतकर्ता को वापस दिलाने के लिए पुलिस ने न्यायालय से आवश्यक आदेश प्राप्त किए। इसके बाद संबंधित बैंक के साथ प्रभावी रूप से लगातार संपर्क और फॉलोअप करते हुए शिकायतकर्ता के 17,500 रुपये वापस करा दिए गए।
साइबर ठगी की रकम को तत्काल ट्रेस कर होल्ड कराने और न्यायालयीन प्रक्रिया के माध्यम से पीड़ित को रकम वापस दिलाने में पिशोर पुलिस की कार्रवाई से शिकायतकर्ता को बड़ी राहत मिली है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक प्रकाश भा. जाधव, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत स्वामी तथा कन्नड उपविभाग की सहायक पुलिस अधीक्षक अपराजिता अग्निहोत्री के मार्गदर्शन में की गई।
सहायक पुलिस निरीक्षक कुणाल सूर्यवंशी के नेतृत्व में पुलिसकर्मी पवन खंबाट और पुलिसकर्मी चव्हाण ने इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
सहायक पुलिस निरीक्षक कुणाल सूर्यवंशी ने नागरिकों से अपील की है कि साइबर ठगी होने पर बिना देरी किए तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें। साथ ही संबंधित बैंक को इसकी जानकारी देकर साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
पुलिस के अनुसार, ठगी के बाद जितनी जल्दी शिकायत दर्ज की जाती है, उतनी ही ठगी की रकम को समय रहते होल्ड कराने और उसे पीड़ित को वापस दिलाने की संभावना बढ़ जाती है।
