समृद्धी महामार्ग पर डकैती करने वाले 4 और आरोपी गिरफ्तार, पुलिस ने ठेकेदार बनकर बिछाया जाल

औरंगाबाद • खासदार टाईम्स वृत्तसेवा
समृद्धी महामार्ग पर एक्जिट नंबर 18, हडसपिंपलगांव के पास चालक के साथ मारपीट कर लूटपाट करने वाले डकैतों के गिरोह पर पुलिस ने शिकंजा और कस दिया है। स्थानीय अपराध शाखा द्वारा बिछाए गए बेहद चतुर जाल में फंसाकर 4 और फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिसकर्मियों के वेश बदलकर चलाए गए इस अभियान में एक पान की दुकान संचालक का फोन जांच में अहम कड़ी साबित हुआ। इस कार्रवाई के बाद डकैती के मामले में गिरफ्तार आरोपियों की कुल संख्या अब 11 हो गई है।
आरोपी ओमकार रामचंद्र फसले (22) को बीड जिले के म्हालस जवला से गिरफ्तार किया गया। खास बात यह है कि पुलिस ने उसके गांव में जाल बिछाकर उसे पान की दुकान से गिरफ्तार किया। वहीं, अहिल्यानगर के कायगांव टोका से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें भीमराव उर्फ शाहदेव भगवान तांदले (26), सुनील गणपत चव्हाण (22) और सुनील कल्याण शेंडगे (26) शामिल हैं। इन तीनों को पुलिस ने अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया। इनमें से एक आरोपी इस गिरोह को वाहन उपलब्ध कराने वाला बताया गया है और वह शातिर गुटखा तस्कर भी है।
पुलिस के अनुसार, वैजापुर पुलिस थाने में दर्ज समृद्धी महामार्ग डकैती के मामले में बीड जिले के म्हालस जवला निवासी ओमकार फसले के छिपे होने की जानकारी पुलिस को मिली थी। गांव में सीधे पूछताछ करने पर आरोपी के फरार होने की आशंका थी। इसलिए पुलिस ने ‘ठेकेदार’ का वेश धारण कर आरोपी को पकड़ने की योजना बनाई।
सोलापुर-धुले हाईवे पर फ्लाईओवर के काम के लिए अच्छे वेतन पर टिपर चालक की जरूरत होने का बहाना बनाकर पुलिसकर्मियों ने गांव की एक पान की दुकान पर बातचीत शुरू की। पान दुकान संचालक ने आरोपी ओमकार को फोन कर ठेकेदार के आने की जानकारी दी। अच्छी नौकरी का मौका मिलने की बात सुनकर ओमकार खुद पान की दुकान पर पहुंच गया। उसने अपनी पहचान साबित करने के लिए पहचान पत्र दिखाया। इसी दौरान पहले से घात लगाए पुलिसकर्मियों ने उसे चतुराई से हिरासत में ले लिया।
दूसरी पुलिस टीम ने कायगांव टोका क्षेत्र में जाल बिछाकर भीमराव उर्फ शाहदेव तांदले और सुनील चव्हाण को गिरफ्तार किया। वहीं तीसरी कार्रवाई में डकैती के लिए अपना वाहन उपलब्ध कराने वाले सुनील शेंडगे को तिसगांव क्षेत्र से पकड़ा गया।
आरोपी सुनील शेंडगे शातिर गुटखा तस्कर बताया जा रहा है। वाळूज में खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम पर वाहन चढ़ाकर गुटखे से भरा टेम्पो लेकर फरार होने के मामले में वह पिछले तीन महीने से पुलिस को चकमा दे रहा था।
इससे पहले परशुराम गायकवाड़, किरण गायकवाड़, करण जाधव, अनिल जाधव, पंडित लष्करे, ज्ञानेश्वर जाधव और उमेश गायकवाड़ समेत 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। नए 4 आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों की कुल संख्या अब 11 हो गई है। यह कार्रवाई स्थानीय अपराध शाखा के विशेष दल ने की।
