शिक्षक सहित 50 लोगों से 1.32 करोड़ रुपये की ठगी करने वाला मुख्य आरोपी एजाज सलाट गिरफ्तार; 5 दिन की पुलिस हिरासत मंजूर
आर्थिक अपराध शाखा की बड़ी कार्रवाई, बाबा ट्रेडिंग और FMCG कंपनी में निवेश पर सालाना तीन गुना रकम देने का दिया था लालच

जालना/कादरी हुसैन
बाबा ट्रेडिंग और FMCG कंपनी में निवेश करने पर सालाना तीन गुना रकम लौटाने का लालच देकर शिक्षक सहित करीब 50 लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के मुख्य सूत्रधार आरोपी मोहम्मद एजाज मोहम्मद रफीक सलाट को जालना आर्थिक अपराध शाखा ने मुंबई के बांद्रा से गिरफ्तार किया है। न्यायालय ने आरोपी को पूछताछ के लिए 5 दिनों की पुलिस हिरासत (PCR) मंजूर की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जालना शहर के शेरसवार नगर निवासी शिकायतकर्ता मोहम्मद फिरोज अब्दुल सत्तार, जो पेशे से शिक्षक हैं, उनके भाई तथा उनके परिचित करीब 50 निवेशकों को आरोपियों ने बाबा ट्रेडिंग और FMCG कंपनी में निवेश करने पर सालाना तीन गुना रकम देने का प्रलोभन दिया था। इस लालच में आकर कई लोगों ने बड़ी रकम निवेश की। इसके बाद आरोपी निवेशकों की रकम लेकर फरार हो गए।
इस मामले में शिकायतकर्ता की शिकायत पर 3 अक्टूबर 2026 को कदीम जालना पुलिस थाने में तीन आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 564/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं 316(4), 316(5), 318(4), 351(2), 352, 61(2), 3(5) तथा MPID अधिनियम की धारा 3, 4 और 5 के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस अधीक्षक के आदेश पर मामले की जांच आर्थिक अपराध शाखा जालना को सौंपी गई थी।
आरोपियों ने शिकायतकर्ता सहित अन्य निवेशकों से कुल 1 करोड़ 32 लाख 5 हजार रुपये की धोखाधड़ी की थी। इस मामले में पुलिस ने इससे पहले 7 अक्टूबर 2026 को आरोपी वसीम अहमद अब्दुल गफ्फार (उम्र 37 वर्ष), निवासी इतवार गली, कचेरी रोड, पुराना जालना तथा मोहम्मद युनूस अहमद मोहम्मद सलीम (उम्र 34 वर्ष), निवासी इतवार गली, कचेरी रोड, पुराना जालना को गिरफ्तार किया था। दोनों आरोपी फिलहाल न्यायालय के आदेश पर जेल में हैं।
मामले का मुख्य सूत्रधार मोहम्मद एजाज मोहम्मद रफीक सलाट अपराध दर्ज होने के बाद से फरार था। वह मोबाइल फोन का इस्तेमाल भी नहीं कर रहा था, जिसके कारण पुलिस को उसका पता लगाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
ऐसे में आर्थिक अपराध शाखा ने गोपनीय तरीके से अपने मुखबिरों के माध्यम से जानकारी जुटाई। जांच के दौरान मुख्य आरोपी के मुंबई के बांद्रा इलाके में होने की सूचना मिली। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में स्थानीय पुलिस की सहायता ली गई।
आर्थिक अपराध शाखा की टीम बांद्रा स्थित निर्मल नगर पुलिस थाने पहुंची। वहां के सहायक पुलिस निरीक्षक अण्णासाहेब कदम, अपराध प्रकटीकरण दल के प्रमुख पुलिस उपनिरीक्षक संतोष कोलगे तथा उनकी टीम के सहयोग से मुख्य आरोपी मोहम्मद एजाज सलाट को रात करीब 1 बजे निर्मल नगर पुलिस थाना, बांद्रा, मुंबई से गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को जालना लाया गया और सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कर उसे MPID न्यायालय स्थित जिला एवं सत्र न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने मामले की आगे की जांच के लिए आरोपी को 5 दिनों की पुलिस हिरासत मंजूर की है।
आरोपियों ने निवेशकों को सालाना तीन गुना रकम देने का लालच देकर ठगी की है। पुलिस को आशंका है कि इस मामले में पीड़ित निवेशकों की संख्या और बढ़ सकती है। आर्थिक अपराध शाखा ने अपील की है कि जिन लोगों ने भी आरोपियों के प्रलोभन में आकर इस कंपनी में निवेश किया है, वे आर्थिक अपराध शाखा जालना में पहुंचकर अपनी शिकायत दर्ज कराएं।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक श्री तेघबीर सिंह संधू, अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. विक्रम साळी तथा आर्थिक अपराध शाखा के पुलिस उपअधीक्षक श्री बालासाहेब पवार के मार्गदर्शन में की गई।
कार्रवाई में सहायक पुलिस निरीक्षक मिथुन घुगे, पुलिस उपनिरीक्षक शैलेश म्हस्के तथा पुलिस कर्मचारी गोकुळसिंग कायटे, समाधान तेलंग्रे, किरण चव्हाण, विष्णु कोरडे, ज्ञानेश्वर खुने, श्रेयस वाघमारे, गोविंद दराडे और महिला पुलिस कर्मचारी मंदा नाटकर ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
