जालना: घर पर देशी कट्टे से फायरिंग; आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए महिलाओं का पुलिस अधीक्षक कार्यालय पर धावा
जातिसूचक गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी और घर पर हमला करने का आरोप; आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं, जिससे काले परिवार में भय का माहौल

जालना | कादरी हुसैन
परतूर तहसील के राणी वाहेगांव निवासी रेणुका बाबुराव काले के परिवार पर देशी कट्टों और धारदार हथियारों से हमला करने, महिलाओं के साथ मारपीट करने तथा घर पर फायरिंग करने के मामले में आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग को लेकर पीड़ित महिलाएं मंगलवार को अपने छोटे बच्चों के साथ जालना जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने पुलिस अधीक्षक तेघबीर सिंह संधू से मुलाकात कर अपनी शिकायत रखते हुए परिवार को पुलिस सुरक्षा प्रदान करने की मांग की।
दिए गए ज्ञापन के अनुसार, 4 अगस्त 2026 को राणी वाहेगांव क्षेत्र में रेणुका बाबुराव काले के घर पर कुछ लोगों ने देशी कट्टे और धारदार हथियार लेकर हमला किया। इस दौरान महिलाओं सहित परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट की गई तथा घर पर फायरिंग किए जाने का आरोप पीड़ितों ने लगाया है। घटना के बाद परतूर पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि मामला गंभीर होने के बावजूद शुरुआत में अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई। मामला मीडिया में आने के बाद पुलिस ने एट्रोसिटी एक्ट सहित गंभीर धाराओं के तहत मामले दर्ज किए, लेकिन अभी भी संबंधित आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। इसके चलते पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
इस बीच, 8 अगस्त को महेश रामेश्वर नळगे और संदीप आसाराम गायकवाड़ काले के घर आए थे। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि उन्होंने जातिसूचक एवं अपमानजनक टिप्पणी करते हुए घर खाली करने की धमकी दी। इस मामले में भी परतूर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है।
पीड़ितों के अनुसार, शिकायत दर्ज कराने के बाद भी संबंधित लोग दोबारा घर के सामने आकर जान से मारने की धमकियां दे रहे हैं। इससे छोटे बच्चों सहित पूरा परिवार भयभीत है और किसी भी समय अप्रिय घटना होने की आशंका व्यक्त की गई है।
इस मामले में महेश रामेश्वर नळगे, संदीप आसाराम गायकवाड़, हरी बालासाहेब मानवतकर और बापू मानवतकर सहित हमले में शामिल अन्य आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने, सभी आरोपियों से गहन पूछताछ करने तथा काले परिवार को तत्काल पुलिस सुरक्षा प्रदान करने की मांग पीड़ित महिलाओं ने की है।
महिलाओं ने पुलिस अधीक्षक के समक्ष गुहार लगाते हुए कहा, “यदि आरोपी खुलेआम घूमते रहे तो हमारी जान को खतरा है। पुलिस समय रहते कार्रवाई कर हमें सुरक्षा प्रदान करे।” ज्ञापन में यह चेतावनी भी दी गई है कि यदि उनकी मांगों पर तत्काल ध्यान नहीं दिया गया तो जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन अनशन किया जाएगा।
ज्ञापन पर रेणुका बाबुराव काले, रूमा सुनील चव्हाण, आनसाबाई काले, पूजा काले, किरण काले सहित अन्य लोगों के हस्ताक्षर हैं।
