औरंगाबाद: ख्वाजा उर्दू प्राथमिक स्कूल में बड़ा फर्जीवाड़ा! कागजों पर 494 विद्यार्थी, जांच में मिले सिर्फ 64

औरंगाबाद • खासदार टाईम्स वृत्तसेवा
मान्यता में स्वीकृत पदों को कायम रखते हुए सरकारी अनुदान प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाकर दिखाने का कथित मामला औरंगाबाद के चिकलठाणा स्थित ख्वाजा उर्दू प्राथमिक स्कूल में सामने आया है। आरोप है कि स्कूल में प्रवेश नहीं लेने वाले दूसरे विद्यार्थियों के आधार कार्ड ऑनलाइन स्टूडेंट पोर्टल पर दर्ज कर कागजों पर विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाई गई। मामले में स्कूल के प्रबंधन और तत्कालीन प्रधानाध्यापक के खिलाफ एमआईडीसी सिडको पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है।
ख्वाजा उर्दू प्राथमिक स्कूल के रिकॉर्ड में कुल 494 विद्यार्थी दर्ज थे। लेकिन शिक्षा विभाग की जांच समिति ने जब स्कूल का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया, तो वहां केवल 64 विद्यार्थी ही उपस्थित पाए गए। इस तरह रिकॉर्ड में दर्ज विद्यार्थियों और वास्तविक उपस्थिति में 430 विद्यार्थियों का अंतर सामने आया।
बताया गया है कि यह मामला 15 जून 2023 से 15 जून 2025 के बीच का है।
शिकायत के बाद गठित हुई जांच समिति
चिकलठाणा के पुष्पक गार्डन परिसर स्थित ख्वाजा उर्दू प्राथमिक स्कूल के खिलाफ संदीप गवली (30) ने 13 जनवरी 2025 को शिक्षा विभाग में शिकायत की थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि स्कूल ने फर्जी आधार कार्ड के आधार पर विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाकर दिखाई है।
शिकायत के बाद शिक्षा विभाग ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की। समिति ने स्कूल पहुंचकर दस्तावेजों और विद्यार्थियों की वास्तविक उपस्थिति की जांच की। रिकॉर्ड में 494 विद्यार्थी दर्ज होने के बावजूद मौके पर केवल 64 विद्यार्थी मिले।
430 विद्यार्थियों की संख्या में अंतर
जांच के दौरान कागजों पर दर्ज विद्यार्थियों और स्कूल में वास्तविक रूप से उपस्थित विद्यार्थियों के बीच 430 का अंतर सामने आया। जांच समिति ने प्रथम दृष्टया माना कि स्कूल में प्रवेश नहीं लेने वाले अन्य विद्यार्थियों के आधार कार्ड स्टूडेंट पोर्टल पर दर्ज किए गए थे।
आरोप है कि मान्यता में स्वीकृत पदों को कायम रखने और नियमों के विरुद्ध सरकारी अनुदान प्राप्त करने के उद्देश्य से ऐसा किया गया। शिकायत के अनुसार, इस पूरे मामले में सरकार के साथ धोखाधड़ी किए जाने की प्रथम दृष्टया बात सामने आई है।
स्कूल की मान्यता रद्द करने का प्रस्ताव
शिक्षा विभाग ने शिक्षा उपसंचालक कार्यालय के माध्यम से 12 मार्च 2025 को ख्वाजा उर्दू प्राथमिक स्कूल की सरकारी मान्यता रद्द करने का प्रस्ताव शिक्षा संचालनालय को भेजा है। आगे की कार्रवाई के लिए यह प्रस्ताव फिलहाल सरकारी स्तर पर लंबित है।
जिला परिषद के प्राथमिक शिक्षा अधिकारी के प्रतिनिधि के रूप में शिक्षा अधीक्षक (वर्ग-2) सचिन सोपानराव शिंदे ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई है। एमआईडीसी सिडको पुलिस थाने के उपनिरीक्षक पचलोरे मामले की आगे जांच कर रहे हैं।