महाराष्ट्र सरकार में घमासान: शिंदे गुट के मंत्री संजय शिरसाट पर गिर सकती है गाज, फडणवीस ले सकते हैं बड़ा फैसला

मुंबई – महाराष्ट्र की महायुति सरकार एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। इस बार विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान सामने आए दो मामलों – मंत्री संजय शिरसाट के ‘कैश बैग’ विवाद और विधायक संजय गायकवाड द्वारा कैंटीन कर्मचारी से मारपीट – ने सरकार को शर्मसार कर दिया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए बड़ा कदम उठाने के संकेत दिए हैं।
सूत्रों के अनुसार, कैश बैग कांड के बाद मंत्री शिरसाट को मंत्रिपद से हटाया जा सकता है। इससे पहले मार्च महीने में बीड जिले के मस्साजोग गांव के सरपंच संतोष देशमुख की हत्या मामले में धनंजय मुंडे के करीबी वाल्मीकि कराड का नाम सामने आने पर खुद मुंडे को मंत्री पद से हाथ धोना पड़ा था। उसी तरह अब शिरसाट पर कार्रवाई की संभावनाएं तेज हो गई हैं।
बीजेपी में शिरसाट के खिलाफ नाराजगी तेजी से बढ़ रही है। उनकी कार्यशैली और सामाजिक न्याय विभाग की निष्क्रियता पर पार्टी विधायक नाराज हैं। साथ ही हाल ही में वायरल हुए वीडियो में नोटों से भरा बैग दिखाई देने से सरकार की छवि को गहरा धक्का लगा है। इसके चलते विपक्ष को सरकार पर हमला करने का एक और मौका मिल गया है।
सूत्रों का दावा है कि मुख्यमंत्री फडणवीस ने उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे को स्पष्ट संकेत दे दिए हैं, जिसके बाद शिंदे ने भी अपनी पार्टी के मंत्रियों और विधायकों को चेतावनी दे दी है। शिंदे ने स्पष्ट कहा है, “मुझे कार्रवाई के लिए मजबूर न करें।”
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि फडणवीस अपने स्वच्छ और पारदर्शी शासन के वादे के तहत अब शिरसाट पर कार्रवाई कर सकते हैं, जिससे अन्य नेताओं को भी सख्त संदेश जाएगा कि सरकार की छवि को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
अब देखना यह होगा कि शिरसाट की कुर्सी बचती है या उन्हें भी मुंडे की तरह मंत्री पद से हाथ धोना पड़ता है।
