भाजपा में शामिल होने का दबाव बनाया गया, मना करने पर मिली जान से मारने की धमकी: अभिजीत दीपके

औरंगाबाद | खासदार टाईम्स वृत्तसेवा
कॉक्रोच जनता पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने गुरुवार को आयोजित प्रेस वार्ता में गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया कि उन्हें भाजपा में शामिल होने का प्रस्ताव दिया गया था। उन्होंने कहा कि आंदोलन वापस लेने के लिए भी विभिन्न माध्यमों से दबाव बनाया गया। भाजपा में शामिल होने से इनकार करने के बाद उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकियां दी गईं।
दीपके ने आरोप लगाया कि छात्रों पर हुए लाठीचार्ज, पथराव और पुलिस कार्रवाई की पहले से योजना बनाई गई थी। उन्होंने कहा कि 19 तारीख की रात और 20 तारीख की सुबह उन्होंने स्वयं देखा कि पुलिस पत्थरों से भरा एक ट्रक और पहले से क्षतिग्रस्त एक वैन मौके पर लेकर आई थी। उनका आरोप है कि पथराव की साजिश पुलिस और भाजपा ने मिलकर रची थी। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
उन्होंने बताया कि इस मामले में उन्होंने सीधे डीसीपी से मुलाकात कर जवाब भी मांगा। दीपके ने कहा कि पुलिस को संविधान के अनुसार कार्य करना चाहिए। यदि पुलिस केवल भाजपा का समर्थन करना चाहती है तो उसे सीधे भाजपा मुख्यालय के सामने खड़े होकर “मैं भी चौकीदार” कहना चाहिए।
आंदोलन को बाहरी फंडिंग मिलने के आरोपों पर उन्होंने कहा कि यदि यह सच है तो यह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की विफलता है और उन्हें तत्काल इस्तीफा देना चाहिए। साथ ही उन्होंने यह भी आशंका जताई कि छात्रों पर लाठीचार्ज के आदेश केंद्रीय गृह मंत्रालय से दिए गए होंगे।
दीपके ने कहा कि आंदोलन के दौरान किसान नेताओं का समर्थन महत्वपूर्ण रहा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जब भी किसानों को उनकी जरूरत होगी, वे उनके साथ मजबूती से खड़े रहेंगे।
योग गुरु रामदेव पर टिप्पणी करते हुए दीपके ने कहा कि उन्हें आंदोलन पर बयान देने के बजाय पतंजलि के उत्पादों पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि सर्वोच्च न्यायालय ने भी पतंजलि के कुछ उत्पादों से जुड़े मामलों में कड़ी टिप्पणी की है।
प्रेस वार्ता के बाद शिवसेना नेता चंद्रकांत खैरे, विधायक बच्चू कडू सहित विभिन्न संगठनों के सैकड़ों पदाधिकारियों ने अभिजीत दीपके से मुलाकात की।
“सरकार बलात्कारियों का समर्थन कर रही है”
अभिजीत दीपके ने केंद्र सरकार और नए शिक्षा मंत्री की भी आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ऐसे लोगों का समर्थन कर रही है जो बलात्कार के आरोपों से जुड़े मामलों में विवादों में रहे हैं। साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया कि वर्तमान समय में Gen Z पीढ़ी को जानबूझकर ट्रोल किया जा रहा है।
नोट: उपरोक्त समाचार अभिजीत दीपके द्वारा प्रेस वार्ता में लगाए गए आरोपों और दावों पर आधारित है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया समाचार प्राप्त होने तक सामने नहीं आई थी।
