15 अगस्त सिर्फ जश्न नहीं, भारत की अगली आजादी का संकल्प लेने का दिन: खान एजाज अहमद

औरंगाबाद • खासदार टाईम्स वृत्तसेवा
15 अगस्त केवल तिरंगा फहराने और जश्न मनाने का दिन नहीं, बल्कि देश के भविष्य को बेहतर बनाने का संकल्प लेने का अवसर भी है। सामाजिक कार्यकर्ता एवं खासदार टाइम्स के मुख्य संपादक खान एजाज अहमद ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भारत की ‘अगली आजादी’ को लेकर अपने विचार व्यक्त किए।
खान एजाज अहमद ने कहा कि वर्ष 1947 में भारत को विदेशी शासन से आजादी मिली थी। अब देश के सामने भ्रष्टाचार, गरीबी, बेरोजगारी, भेदभाव, नफरत, डर, अन्याय और जवाबदेही की कमी जैसी चुनौतियों से मुक्ति पाने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि देश की अगली बड़ी लड़ाई भ्रष्टाचार, गरीबी और बेरोजगारी के खिलाफ होनी चाहिए। इसके साथ ही शिक्षा और इलाज की मजबूरी, न्याय में देरी, नशे, अपराध और हिंसा तथा गुलामी वाली मानसिकता से भी देश को आजाद कराने की जरूरत है।
खान एजाज अहमद के अनुसार, देशभक्ति केवल 15 अगस्त को तिरंगा लगाने तक सीमित नहीं होनी चाहिए। देशभक्ति का वास्तविक अर्थ अपने देश को बेहतर बनाने की जिम्मेदारी लेना है।
उन्होंने कहा कि जनता को सवाल पूछने का अधिकार होना चाहिए और सरकार को जवाबदेह होना चाहिए। व्यवस्था पारदर्शी हो, युवा आगे बढ़ें, गरीब मजबूत बने और प्रत्येक नागरिक को सम्मान मिले, यही एक मजबूत भारत की पहचान होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि 1947 की आजादी देश की विरासत है, लेकिन भ्रष्टाचार, बेरोजगारी, गरीबी, अन्याय और भेदभाव से आजादी हासिल करना आज की पीढ़ी की जिम्मेदारी है।
खान एजाज अहमद ने नागरिकों से अपील की कि यदि वे भी मानते हैं कि भारत को इन समस्याओं से आजादी की जरूरत है, तो इस विचार को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं।
