एक भारत श्रेष्ठ भारत शिविर: भाषाई और सांस्कृतिक एकता का अद्वितीय संगम

वारंगल (आंध्र प्रदेश), (रिपोर्ट–कादरी हुसैन) 11सितंबर – वारंगल में गुरुवार को आयोजित एक भारत श्रेष्ठ भारत शिविर में भाषाई और सांस्कृतिक एकता का शानदार प्रदर्शन देखने को मिला। इस अवसर पर तेलंगाना के एयर कमोडोर सैयानी एवं मुख्य अतिथि एयर कमोडोर नरसिंह सजनी ने शिविर का दौरा कर कैडेटों का उत्साहवर्धन किया।

कार्यक्रम में बिहार, झारखंड और तेलंगाना की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर की झलक प्रस्तुत की गई, जिसने शिविर को विविधता में एकता का वास्तविक मंच बना दिया। मुख्य अतिथि नरसिंह सजनी ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि भारत की सांस्कृतिक विविधता को समझना और अपनाना ही सच्ची राष्ट्रभक्ति है। उन्होंने जोर देकर कहा कि युवा पीढ़ी में एकता की भावना का विकास ही भविष्य में भारत माता के लिए सशक्त नेतृत्व तैयार करेगा।

कैंप कमांडेंट कर्नल सचिन अन्नाराव निंबालकर ने कैडेटों की अनुशासन और सक्रियता की सराहना की। वहीं डिप्टी कमांडेंट कर्नल एस. रामाधुरई और प्रशिक्षण अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल रवि संखैर ने कहा कि यह शिविर आपसी समझ और सौहार्द को गहराई देने का एक सशक्त माध्यम है।

प्रशिक्षण सत्र के अंतर्गत कैडेटों ने बीएचएम संदीप सेक्शन व अजीत कदम के मार्गदर्शन में अग्निशमन और आपदा प्रबंधन का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जिसे देखकर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए। शिविर के सफल आयोजन में कैंप एडजुटेंट लेफ्टिनेंट एम., सूबेदार मेजर जे. राम सिंह महला, सूबेदार पी.एस. चौरसिया और पूरी टीम का उल्लेखनीय योगदान रहा।
यह शिविर न केवल सांस्कृतिक एकता का प्रतीक बना, बल्कि युवाओं को राष्ट्रीय एकजुटता, अनुशासन और जिम्मेदारी का गहरा संदेश भी दे गया।
