शिक्षा की इच्छा थी, लेकिन जबरन हुआ विवाह – मां-बेटी ने एक ही रस्सी से लगा ली फांसी

उस्मानाबाद जिले के तुळजापुर से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक मां और उसकी विवाहित बेटी ने एक ही रस्सी से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें लड़की ने जबरन कराए गए विवाह को लेकर अपनी व्यथा व्यक्त की है।
क्या है पूरा मामला?
तुळजापुर के हडको इलाके में स्थित लिटिल फ्लॉवर्स स्कूल के प्रधानाध्यापक संजय पवार रोज की तरह मंगलवार सुबह स्कूल चले गए। उनके जाने के बाद दोपहर में उनकी पत्नी रत्नमाला पवार और विवाहित बेटी प्रतीक्षा पाटील ने घर में फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों का पंचनामा किया गया। रात 9:30 बजे पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए।
शादी से पहले पढ़ाई करना चाहती थी लड़की
मृतक प्रतीक्षा पाटील (23) का पिछले साल सोलापुर जिले के सापटणे गांव के एक किसान युवक से विवाह हुआ था। हालांकि, वह आगे पढ़ाई करना चाहती थी, लेकिन परिवार ने उसकी यह इच्छा पूरी नहीं होने दी और उसकी शादी जबरदस्ती करवा दी।
मौके से मिला सुसाइड नोट
पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला, जिसमें लिखा था कि प्रतीक्षा अपनी पढ़ाई जारी रखना चाहती थी, लेकिन उसकी शादी एक किसान युवक से कर दी गई, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान थी। पुलिस ने इस सुसाइड नोट को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
घर की चाबी पड़ोसियों को दी, फिर उठाया खौफनाक कदम
आत्महत्या से पहले मां-बेटी ने अपने घर का दरवाजा अंदर से बंद नहीं किया, बल्कि उसे बस हल्का सा आगे बढ़ा दिया और बाहरी गेट पर ताला लगा दिया। इसके बाद उन्होंने घर की चाबी पड़ोसियों को सौंप दी और कहा कि वे बाहर जा रहे हैं। लेकिन घर के अंदर दाखिल होते ही दोनों ने एक ही रस्सी से फांसी लगा ली।
इलाके में शोक की लहर
इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, मृतक लड़की का सपना था कि वह पढ़ाई करे, लेकिन जबरन शादी के कारण वह अवसाद में चली गई और आखिरकार अपनी मां के साथ मिलकर यह खौफनाक कदम उठा लिया। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।