सोफिया कुरैशी को पाकिस्तानी आतंकियों की बहन कहने वाले भाजपाई विजय शाह पर हाईकोर्ट सख्त, FIR दर्ज करने के निर्देश

भोपाल : मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री कुंवर विजय शाह की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। सेना की महिला अधिकारी कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर दिए गए आपत्तिजनक बयान पर अब मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान लेते हुए एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने साफ तौर पर कहा है कि पुलिस विभाग शाम 6 बजे तक एफआईआर दर्ज कर न्यायालय को इसकी सूचना दे।
क्या था मामला
मंत्री विजय शाह ने धार जिले के मानपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर विवादास्पद टिप्पणी कर दी थी। उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले का जिक्र करते हुए कहा था कि जिन आतंकियों ने हमारी बहनों का सिंदूर उजाड़ा, उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हीं की ‘बहन’ भेजकर जवाब दिया। इस बयान को लेकर कांग्रेस ने कड़ा ऐतराज जताया और मंत्री को बर्खास्त करने की मांग उठाई। जब विवाद बढ़ा, तो मंत्री ने सफाई देते हुए कहा कि उनके बयान को संदर्भ से काटकर पेश किया गया, और वह सेना के सम्मान में बोले थे, न कि अपमान में।
कोर्ट का रुख सख्त
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की युगलपीठ — जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस अनुराधा शुक्ला — ने इस बयान पर स्वतः संज्ञान लेते हुए इसे जनहित से जुड़ा मामला माना और आदेश दिया कि बीएनएस की धारा 196 और 197 के तहत मंत्री विजय शाह के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। कोर्ट ने प्रदेश के पुलिस महानिदेशक को प्रतिवादी बनाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि शाम 6 बजे तक एफआईआर दर्ज कर कोर्ट को सूचित किया जाए। इस मामले की अगली सुनवाई गुरुवार सुबह 10:30 बजे होगी।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज
मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मंत्री के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए कहा कि एक मंत्री द्वारा सेना की महिला अधिकारी का अपमान निंदनीय है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से मांग की कि मंत्री को 24 घंटे के भीतर बर्खास्त किया जाए, अन्यथा कांग्रेस पूरे देश के पुलिस थानों में एफआईआर दर्ज कराएगी।
वहीं, कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने भी इस मुद्दे पर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि अब प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को स्पष्ट निर्णय लेना चाहिए। सेना की महिला अधिकारी पर की गई अभद्र टिप्पणी असहनीय है। उन्होंने न्यायपालिका को धन्यवाद देते हुए कहा कि जैसे देश की जनता सेना पर विश्वास करती है, वैसे ही न्यायपालिका पर भी भरोसा रखती है, और इस मामले में कोर्ट ने जनता का विश्वास कायम रखा है।
मंत्री ने मांगी थी माफी
बयान पर मचे सियासी बवाल के बीच मंत्री विजय शाह ने पहले ही माफी मांग ली थी, लेकिन हाईकोर्ट की सख्ती के बाद अब यह मामला कानूनी मोड़ ले चुका है। देखना यह होगा कि सरकार मंत्री पर क्या कार्रवाई करती है और क्या उन्हें कैबिनेट से बाहर किया जाएगा।
