वर्धा: Axis बैंक में करोड़ों की फर्जीवाड़ा, 5 कर्मचारियों ने मिलकर उड़ाए 2.55 करोड़ रुपए

वर्धा शहर के भामटीपुरा इलाके में स्थित Axis बैंक में करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। बैंक के ही पांच कर्मचारियों ने फर्जी दस्तावेज बनाकर लगभग 2 करोड़ 55 लाख 92 हजार रुपए का कर्ज हड़प लिया। इस प्रकरण में बैंक मैनेजर अमित मिश्रा की शिकायत पर शहर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
👉 क्या है मामला?
Axis बैंक ने व्यक्तिगत ऋण मामलों के लिए बेंगलुरु की ‘Quest Corp Limited’ कंपनी को जिम्मेदारी सौंपी थी। आरोपी इसी कंपनी में कर्मचारी के रूप में काम कर रहे थे। उन्होंने वर्धा, नागपुर, यवतमाल और अकोला जिलों के 26 कर्ज मामलों को संभाला।
आरोपियों ने गरीब और जरूरतमंद लोगों को कर्ज का लालच दिया और फिर उनके नाम पर फर्जी वेतन पर्ची, बैंक स्टेटमेंट और जाली हस्ताक्षर तैयार किए। ये सभी दस्तावेज नागपुर स्थित Axis बैंक के लोन सेंटर में जमा कराकर कर्ज मंजूर करवाया। कर्ज की राशि मंजूर होने के बाद इसका कुछ हिस्सा नकद निकाला गया, जबकि बाकी रकम बैंक ट्रांजैक्शन के जरिए अपने खातों में स्थानांतरित कर ली।
👉 फर्जीवाड़े का खुलासा कैसे हुआ?
जब बैंक को पता चला कि कुछ ऋण मामलों की अदायगी शुरू ही नहीं हुई है, तो आंतरिक सतर्कता विभाग ने जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि सभी दस्तावेज जाली हैं और जिन लोगों के नाम पर कर्ज मंजूर हुआ है, वे चुकाने की स्थिति में ही नहीं हैं। इसके बाद बैंक ने तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
इस मामले में पुलिस ने सेलू तालुका के धामणगांव निवासी शशिकांत मांडरे, प्रदीप भांडेकर, अंकुश वैरागड़े, गोंदिया के प्रदीप रहांगडाले और यवतमाल के उमेश राठोड़ — इन पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
फिलहाल पुलिस इस बड़े फर्जीवाड़े की गहन जांच कर रही है।
