तीन साल की मासूम से स्कूल परिसर में दरिंदगी: आरोपी को फांसी की सजा की मांग, नागरिकों का औरंगाबाद पुलिस आयुक्तालय के सामने प्रदर्शन

औरंगाबाद/प्रतिनिधि
तीन वर्ष की मासूम बच्ची के साथ स्कूल परिसर में अनैतिक अत्याचार करने वाले आरोपी विजय हरिदास जीवनवाल को फांसी की सजा देने की मांग को लेकर नागरिकों ने शनिवार (18 अक्टूबर) को पुलिस आयुक्तालय के सामने जोरदार आंदोलन किया। नागरिकों ने मांग की कि इस प्रकरण में स्कूल के शिक्षक, शिक्षिका और संचालक भी जिम्मेदार हैं, इसलिए उन पर भी कार्रवाई की जाए।
आंदोलन में लक्ष्मण सोनवणे, माजी नगरसेवक मनोज गांगवे, संजय बन्सवाल, सुनितर बरथुने, मधुकर जातोडे, हरेश गांगवे, संतोष जाटवे सहित अन्य नागरिक उपस्थित थे।
मिली जानकारी के अनुसार, 14 अक्टूबर को बालिका ने घर पहुंचकर अपनी मां को अपने साथ हुए कृत्य की जानकारी दी, जिसके बाद यह गंभीर प्रकरण सामने आया। शिकायतकर्ता महिला की तीन वर्षीय बेटी और पांच वर्षीय बेटा दोनों एक ही स्कूल में पढ़ते हैं। बताया जाता है कि स्कूल छुट्टी के बाद, माता-पिता पहुंचने से पहले ही आरोपी विजय जीवनवाल बच्ची को खेलने के बहाने घर ले जाता था और उसी दौरान उसने यह घिनौना कृत्य किया।
इस मामले में वेदांतनगर पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आंदोलन के दौरान नागरिकों ने सवाल उठाया कि स्कूल परिसर में बच्चों की सुरक्षा की इतनी बड़ी चूक कैसे हुई? बाहरी व्यक्ति को बच्चों से संपर्क कैसे मिला?
आक्रोशित नागरिकों ने आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की और कहा कि इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होनी चाहिए ताकि पीड़िता को शीघ्र न्याय मिल सके।
