भूमि माप-जोख की फाइल निपटाने के बदले रिश्वत लेते हुए भूमि अभिलेख कार्यालय का लिपिक गिरफ्तार

जालना/कादरी हुसैन
केज (जिला बीड) स्थित भूमि अभिलेख कार्यालय में कार्यरत एक लिपिक को भूमि माप-जोख की फाइल निपटाने के बदले रिश्वत लेते हुए लाचलुचपत प्रतिबंधक विभाग (एसीबी) जालना की टीम ने रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी ने शिकायतकर्ता से कुल 30 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी, जिसमें से 10 हजार रुपये लेते समय उसे पकड़ा गया।
गिरफ्तार आरोपी का नाम माणिक अण्णासाहेब वाघमारे (उम्र 50 वर्ष) है। वह उपअधीक्षक भूमि अभिलेख कार्यालय, केज में लिपिक वर्ग-3 के पद पर कार्यरत है। उसका निवास शाहूनगर, धाराशिव बताया गया है।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता एक किसान है, जिसने अपनी कृषि भूमि की हद्द कायम करने के लिए भूमि अभिलेख कार्यालय, केज में आवेदन किया था। 18 दिसंबर 2025 को आरोपी ने भूमि की माप-जोख की थी। इसके बाद माप-जोख के अनुसार भूमि का क्षेत्र कम किए बिना फाइल निपटाने के बदले आरोपी ने 30 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की। प्रारंभ में आरोपी ने 5 हजार रुपये लेने की बात भी स्वीकार की थी।
रिश्वत देने की इच्छा न होने पर किसान ने एसीबी जालना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत की जांच के दौरान 29 दिसंबर 2025 को पंचों की मौजूदगी में रिश्वत मांग की पुष्टि हुई। इसके बाद केज तहसील कार्यालय के सामने केज–बीड रोड पर एक चाय की टपरी के पास जाल बिछाया गया।
सापळा कार्रवाई के दौरान आरोपी ने शेष रकम में से 10 हजार रुपये रिश्वत के रूप में स्वीकार किए, उसी समय एसीबी जालना की टीम ने उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 10 हजार रुपये रिश्वत की रकम, 5 हजार 500 रुपये नकद, एक वीवो मोबाइल फोन और दो अंगूठियां बरामद की गईं।
आरोपी के खिलाफ पुलिस थाना केज, जिला बीड में अपराध दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक माधुरी केदार कांगणे और अपर पुलिस अधीक्षक शशिकांत सिंगारे के मार्गदर्शन में की गई। सापळा अधिकारी पुलिस निरीक्षक शरदचंद्र रोडगे, सहायक सापळा अधिकारी बी.एस. जाधव (पुलिस उपअधीक्षक) सहित एसीबी जालना की टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।
