AIMIM नेता इम्तियाज जलील का तंज – “तिरंगा रैली में शामिल लोग बॉर्डर पर नहीं लड़े, सेना का श्रेय खुद ले रहे हैं”

महाराष्ट्र में आगामी महानगर पालिका चुनावों को लेकर एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व सांसद इम्तियाज जलील ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने तिरंगा रैली और ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बहाने राजनीतिक दलों पर तीखा हमला बोला। साथ ही एमपी के मंत्री कुंवर विजय शाह के कर्नल सोफिया कुरैशी पर दिए बयान की कड़ी आलोचना की।
इम्तियाज जलील ने कहा, “तिरंगा रैली इस तरह निकाली जा रही है जैसे ये लोग खुद सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर बॉर्डर पर लड़ने गए थे। न बीजेपी और न ही आरएसएस का कोई भी शख्स सीमा पर गया था। भारत की सुरक्षा भारतीय सेना ने की है, उन्होंने देश का सिर ऊंचा किया है, हम उन्हें सैल्यूट करते हैं। बाकी ये सब घटिया राजनीति है और अपनी पीठ थपथपाने की कोशिश है।”
बीजेपी-कांग्रेस दोनों पर निशाना
जलील ने कहा कि इस तरह के आयोजनों के जरिए कुछ लोग राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस और बीजेपी दोनों को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि जो काम सेना ने किया, उसका श्रेय राजनीतिक पार्टियां ले रही हैं।
“अब जाकर लोग ओवैसी को समझे हैं”
जलील ने कहा कि अब जाकर देश की जनता असदुद्दीन ओवैसी की असल सोच को समझने लगी है। उन्होंने याद दिलाया कि 12 साल पहले जब ओवैसी पाकिस्तान गए थे, तब उन्होंने स्पष्ट कहा था कि भारत के मामलों में पाकिस्तान को दखल नहीं देना चाहिए। उन्होंने पहलगाम हमले के बाद भी केंद्र सरकार का समर्थन किया था। “उस समय सोशल मीडिया इतना प्रभावी नहीं था, लेकिन आज है, इसलिए अब लोगों तक सही बातें पहुंच रही हैं,” उन्होंने कहा।
मंत्री के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया
कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर मध्यप्रदेश सरकार के मंत्री कुंवर विजय शाह के बयान पर इम्तियाज जलील ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को अब तक वह बयान सुन लेना चाहिए था और ऐसे मंत्री को पद से हटा देना चाहिए था। “जब देश अपनी सेना पर गर्व करता है, तब इस तरह का बयान शर्मनाक है,” जलील ने कहा।
“महानगर पालिका चुनाव लोकल स्तर की ताकत पर होगा”
आगामी निकाय चुनावों को लेकर उन्होंने कहा, “ये चुनाव लोकसभा या विधानसभा की तरह नहीं होते। इनमें स्थानीय स्तर पर लोगों की पहचान और छवि ज्यादा मायने रखती है। पार्टी नहीं, व्यक्ति की ताकत इन चुनावों में जीत दिलाती है।”
एआईएमआईएम की रणनीति पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी महानगर पालिका ही नहीं, बल्कि नगर पालिका, नगर परिषद, ग्राम पंचायत और जिला परिषद जैसे हर स्तर पर मजबूती से चुनाव लड़ेगी।
इस बयानबाज़ी के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में नया सियासी माहौल बनने की संभावना है, खासकर उन इलाकों में जहां एआईएमआईएम का प्रभाव बढ़ रहा है।
