रामनगर में एचआईवी का कहर: नाबालिग लड़की से संबंध रखने वाले 19 पुरुष पॉजिटिव, कई परिवार प्रभावित
नशे की गिरफ्त में नाबालिग लड़की बनी एचआईवी फैलाने का कारण, कानून और समाज दोनों पर सवाल

उत्तराखंड के रामनगर कस्बे से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। आरोप है कि नैनीताल जिले के गुलरघट्टी इलाके में रहने वाली 17 वर्षीय नाबालिग लड़की ने पिछले डेढ़ साल में कम से कम 19 पुरुषों को एचआईवी (HIV) संक्रमित कर दिया। चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें कई शादीशुदा पुरुष भी शामिल हैं, जिनकी पत्नियां भी अब इस घातक वायरस की चपेट में आ गई हैं।
कैसे हुआ खुलासा
यह मामला पहली बार अक्टूबर 2023 में सामने आया, जब गुलरघट्टी के कई युवक गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के कारण रामदत्त जोशी संयुक्त चिकित्सालय के आईसीटीसी (Integrated Counselling and Testing Centre) में जांच कराने पहुंचे। जांच में सभी के एचआईवी पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई। काउंसलिंग के दौरान सामने आया कि सभी का संबंध एक ही नाबालिग लड़की से रहा था, जो आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से थी और लंबे समय से नशे की आदी थी।
नशे के लिए बनाए संबंध
रिपोर्ट के अनुसार, लड़की को स्मैक (हेरोइन) की लत थी और अपनी लत पूरी करने के लिए वह कई पुरुषों के साथ शारीरिक संबंध बनाती थी, बदले में पैसे लेती थी। इन पुरुषों को यह नहीं पता था कि वह एचआईवी पॉजिटिव है।
कानूनी पहलू और सोशल मीडिया पर गुस्सा
इस मामले ने सोशल मीडिया पर जबरदस्त प्रतिक्रिया पैदा की है। कई यूजर्स का कहना है कि इन वयस्क पुरुषों ने नाबालिग के साथ संबंध बनाए, जो पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत गंभीर अपराध है। कई लोग नाराजगी जताते हुए कह रहे हैं कि असली दोषी ये पुरुष हैं, जिन्होंने बिना सुरक्षा के एक नाबालिग के साथ संबंध बनाए और अब अपनी पत्नियों की जिंदगी भी खतरे में डाल दी।
एक यूजर ने लिखा, “ये शादीशुदा पुरुष न सिर्फ अपनी पत्नियों को धोखा दे रहे थे, बल्कि कानून का उल्लंघन भी कर रहे थे।” वहीं, दूसरे ने कहा, “असली पीड़ित वे महिलाएं हैं, जिन्हें अपने पतियों की गलतियों का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।”
सामाजिक संदेश
यह मामला सिर्फ एक आपराधिक घटना नहीं है, बल्कि समाज में नशे की लत, नाबालिगों के यौन शोषण और यौन संबंधों में जागरूकता की कमी जैसे कई गंभीर मुद्दों को उजागर करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के मामलों को रोकने के लिए नशा मुक्ति, यौन शिक्षा और कानूनी जागरूकता पर तुरंत और गंभीर कदम उठाने की जरूरत है।
