धर्म संसद में हिंदू राष्ट्र प्रस्ताव समेत 7 अहम प्रस्ताव पारित, जून में निकलेगी ‘सनातन यात्रा’

लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में रविवार, 4 मई को विश्व हिंदू परिषद के नेतृत्व में धर्म संसद का आयोजन किया गया। इस आयोजन में देशभर से आए साधु-संतों के साथ उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक भी शामिल हुए। अयोध्या की हनुमानगढ़ी के पुजारी राजू दास ने बताया कि इस धर्म संसद में हिंदू समाज से जुड़े अनेक ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा हुई और 7 महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किए गए।
धर्म संसद में पारित प्रमुख प्रस्ताव:
- सनातनी हेल्पलाइन नंबर की घोषणा।
- भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित करने का प्रस्ताव पास।
- मुस्लिम बहुल इलाकों में मंदिरों और हिंदुओं की रक्षा हेतु विश्व हिंदू रक्षा परिषद के कार्यालय खोले जाएंगे।
- पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुई घटना को लेकर ‘सनातन यात्रा’ निकाली जाएगी, जो जून में शुरू होकर कश्मीर तक जाएगी।
- सनातन धर्म की रक्षा करने वालों को ‘सनातन गौरव सम्मान’ से सम्मानित किया जाएगा।
- हिंदू लड़कियों से मुस्लिम युवकों की शादी को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।
- ‘लव जिहाद’ और ‘लैंड जिहाद’ रोकने हेतु ‘सनातनी सेना’ का गठन किया जाएगा।
‘सनातन यात्रा’ और मुस्लिम इलाकों में कवच कार्यालय
राजू दास ने बताया कि मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में ‘सनातन कवच’ नामक कार्यालय स्थापित किए जाएंगे ताकि वहां मंदिरों और हिंदू समाज की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हिंदुओं के 600 घर जलाए गए और पहले तीन बार रेकी की गई थी। इसी को लेकर मुर्शिदाबाद से ‘सनातन यात्रा’ की शुरुआत की जाएगी।
‘सनातनी धर्म की रक्षा करेंगे तो धर्म उनकी रक्षा करेगा’
राजू दास ने कहा कि हाल की घटनाओं से स्पष्ट है कि देश में हिंदू समाज को एकजुट करने और जागरूक करने की ज़रूरत है। उन्होंने कहा कि यह धर्म संसद इसी उद्देश्य के साथ बुलाई गई थी और अब समय आ गया है कि हर सनातनी अपने धर्म की रक्षा में सक्रिय भूमिका निभाए।
